अव्यवस्था देखकर कलेक्टर नाराज, 4 डॉक्टरों का वेतन काटने का आदेश
उज्जैन। मध्यप्रदेश के उज्जैन स्थित चरक हॉस्पिटल में गुरुवार दोपहर अचानक कलेक्टर रोशन कुमार सिंह पहुंच गए. उन्होंने ड्यूटी रजिस्टर में साइन नहीं करने पर चार डॉक्टर का वेतन काटने के निर्देश दिए. साथ ही सिक्योरिटी एजेंसी को 50 हजार रुपये जुर्माना लगा दिया।
कई दिनों से आ रही थीं शिकायतें
दरअसल संभाग के सबसे बड़े अस्पताल चरक भवन में अव्यवस्थाओं की लगातार शिकायतें आ रही थीं. इसी को देखते हुए कलेक्टर रोशन कुमार सिंह गुरुवार दोपहर अचानक अस्पताल पहुंच गए. यहां उन्होंने ड्यूटी रजिस्टर चेक किया. जिसमें ओपीडी इमरजेंसी और वार्डों के डॉक्टरों का एक ही में उल्लेख नहीं होने पर नाराजगी जताई. वहीं हाजिरी रजिस्टर में साइन नहीं करने पर चार डॉक्टर के एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए. साथ ही सुरक्षा गार्ड द्वारा ड्यूटी में लापरवाही करने पर सिक्योरिटी एजेंसी पर 50 हजार रूपये की पेनल्टी लगा दी।
पेशेंट के लिए टोकन सिस्टम
जिला अस्पताल में 10 लिफ्ट हैं. इसके बावजूद अधिकांश बंद रहने के मामले सामने आते रहते हैं. इसी को देखते हुए कलेक्टर ने लिफ्ट चेक कीं तो दो लिफ्ट ही चालू मिली. पता चला कि बाकी में रिपेयरिंग का काम चल रहा है और जल्द सभी लिफ्ट चालू हो जाएंगी. इसी के साथ गायनिक वार्ड में मरीज के नंबरिंग सिस्टम सही नहीं होने पर कलेक्टर ने टोकन सिस्टम चालू करने के निर्देश दिए. जिससे कि मरीजों को परेशान ना होना पड़े. वहीं डॉक्टर की ड्यूटी का एक रजिस्टर बनाने के लिए कहा, जिससे पता चले कि किसकी ड्यूटी कहां पर लगी है।


मड़वा विद्युत संयंत्र के जूनियर क्लब में पाॅवर कंपनीज अंतरक्षेत्रीय बैडमिंटन स्पर्धा का आगाज
फिरोजाबाद में सपा नेता राम गोपाल यादव का बड़ा बयान: चुनाव के बाद पेट्रोल-डीजल के दाम 50-60 रुपये बढ़ेंगे
कतर के समुद्री क्षेत्र में हेलीकॉप्टर दुर्घटना, छह लोगों की मौत
छात्र-छात्राओं ने पुलिस चौकी का किया शैक्षणिक भ्रमण
आदिवासी विकास परिषद ने डॉ. मुंडा को पुण्यतिथि पर किया याद
संचालित राजू होटल से हुई कार चोरी-महंगा मोबाइल भी किया पार
सियासी गर्मी: ‘धुरंधर 2’ को लेकर बैन और डायरेक्टर-प्रोड्यूसर पर कार्रवाई की उठी मांग
भोपाल में कांग्रेस ने किया अनोखा विरोध, महिलाओं को बांटे लकड़ी के चूल्हे
राहुल गांधी का फैसले ने खड़गे के घर में मचाई हलचल, केरल लिस्ट पर विवाद
घर के दाम स्थिर रहेंगे, खाड़ी युद्ध खत्म होने के बावजूद रिपोर्ट में चेतावनी
मां के साथ हैवानियत पर पुलिस ने नहीं लिखी FIR, आहत नाबालिग ने खाया जहर