5 मार्च को दाऊजी महाराज मंदिर की हुरंगा होली, यहां लट्ठ से नहीं बल्कि कोड़े से मारती हैं महिलाएं
सबसे प्रसिद्ध और महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक होली का उत्सव पूरे देश में शुरू हो चुका है. रंग-गुलाल और आनंद से भरे इस पारंपरिक त्योहार की बात करें तो ब्रज का जिक्र किए बिना यह अधूरा है. ब्रज में होली सिर्फ एक त्योहार नहीं है, बल्कि लगभग 40 दिनों तक चलने वाला महाउत्सव है. यहां इस पर्व को अलग-अलग पारंपरिक तरीके से विभिन्न प्रसिद्ध और प्राचीन मंदिरों में मनाया जाता है. उन्हीं में से एक मथुरा के बलदेव में स्थित दाऊजी महाराज मंदिर की होली है, जिसे ‘हुरंगा’ कहा जाता है. इस बार यह हुरंगा 5 मार्च दिन गुरुवार को खेला जाएगा. बताया जाता है कि दाऊजी के हुरंगा को देखने के लिए देश विदेश से लाखों की संख्या में भक्त पहुंचते हैं.
हुरंगा होली का उत्सव
मथुरा के दाऊजी महाराज मंदिर में होली के अगले दिन यानी इस साल 5 मार्च को ‘हुरंगा’ होली का उत्सव मनाया जाएगा, जहां महिलाएं पुरुष हुरियारों के कपड़े फाड़कर उससे कोड़े बनाती हैं और फिर उसी से उन्हें पीटती हैं. यहां रंग और टेसू (पलाश) के पानी से जमकर पारंपरिक, प्राकृतिक और हर्बल रंग से होली खेली जाती है.
कोड़ेमार होली का उत्सव
मथुरा के दाऊजी महाराज मंदिर का हुरंगा और कोड़ेमार होली पूरे विश्व में मशहूर है, जिसमें सखियां पुरुषों पर कोड़े बरसाती हैं. 5 मार्च को दाऊजी महाराज मंदिर में सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक हुरंगा और कोड़ेमार होली का उत्सव धूमधाम से मनाया जाएगा.
मंदिर श्रीकृष्ण के बड़े भाई बलराम को समर्पित
मथुरा के बलदेव में स्थित दाऊजी महाराज एक अत्यंत प्राचीन और प्रसिद्ध मंदिर है, जो भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई बलराम (दाऊजी) को समर्पित है. मंदिर में भगवान बलराम की लगभग 7 फीट ऊंची काली प्रतिमा के साथ उनकी पत्नी रेवती जी भी विराजमान हैं. इसे ‘गोपाल लालजी का मंदिर’ और ‘बलभद्र कुंड’ के लिए भी जाना जाता है.
ब्रज के इस मंदिर में होली का अनोखा उत्सव
दाउजी महाराज मंदिर मथुरा से लगभग 25 किलोमीटर की दूरी पर बलदेव कस्बे में स्थित है. यह ब्रज के सबसे प्राचीन और ऐतिहासिक मंदिरों में से एक है, जहां होली के समय दूर-दराज से श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं. यह मंदिर भगवान श्री कृष्ण और उनके बड़े भाई बलराम के भाईचारे और गोपियों के प्रेम का जीवंत प्रतीक है. ब्रज के इस मंदिर में होली का अनोखा उत्सव तब मनाया जाता है, जब पूरी दुनिया में होली खत्म हो जाती है.


बढ़ता तनाव: होर्मुज के बाद अब बाब अल-मंदेब को लेकर ईरान की धमकी
ऐतिहासिक उपलब्धि: रिनी संपत वॉशिंगटन डीसी मेयर चुनाव में दक्षिण एशियाई चेहरा बनीं
CEC ज्ञानेश कुमार का आदेश: पश्चिम बंगाल में पारदर्शी और शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करें
भीषण दुर्घटना: नासिक में कुएं में गिरी कार, छह बच्चों सहित 9 की जान गई
घर चलाने वाले पुरुषों के लिए चाणक्य की सलाह, आज के दौर के हिसाब से नहीं बदलेंगे ये 6 आदतें तो हमेशा के लिए हो जाएंगे अयोग्य
राशिफल 4 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
बाघ गणना का कार्य सफलतापूर्वक संपन्न
पार्टी में उठे सवाल: हरीश रावत के ‘अवकाश’ पर हरक सिंह रावत का बड़ा बयान
आंधी-बारिश और ओलों का अलर्ट: तेज हवाओं के बीच सुरक्षित रहें